मौनी अमावस्या पर करौली में उमड़ा आस्था का सैलाब: भगवान मदन मोहन के दर्शन कर श्रद्धालुओं ने की सुख-समृद्धि की कामना
Sunday, Jan 18, 2026-06:09 PM (IST)
करौली: मौनी अमावस्या के पावन अवसर पर करौली जिले के प्रसिद्ध मदन मोहन मंदिर में आस्था का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। अलसुबह से ही हजारों श्रद्धालु भगवान मदन मोहन के दर्शन के लिए मंदिर पहुंचने लगे। मंगला आरती के साथ ही दर्शन का क्रम शुरू हो गया, जो राजभोग आरती तक लगातार जारी रहा। भक्तों ने भगवान के चरणों में शीश नवाकर परिवार की सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और खुशहाली की कामना की।
मौनी अमावस्या का विशेष धार्मिक महत्व होने के कारण करौली सहित आसपास के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। मंदिर परिसर में “जय मदन मोहन” के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालुओं ने धोक लगाकर अपनी-अपनी मनौतियां मांगीं, वहीं कई भक्तों ने दान-पुण्य भी किया।
पर्व के कारण करौली शहर के बाजारों में भी खासा उत्साह देखने को मिला। सदर बाजार, चौधरी पाड़ा और बड़ा बाजार में सुबह से ही रौनक रही। फूल-मालाओं, प्रसाद और धार्मिक सामग्री की दुकानों पर भीड़ नजर आई, जिससे व्यापारियों में संतोष का माहौल रहा।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए यातायात व्यवस्था पर खासा असर पड़ा। फूटाकोट, सदर बाजार, चौधरी पाड़ा और बड़ा बाजार सहित कई प्रमुख मार्गों पर जाम की स्थिति बनी रही। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने सुबह 8 बजे से दोपहर तक परकोटे के भीतर चौपहिया वाहनों के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया था। साथ ही हिंडौन दरवाजा, वजीरपुर दरवाजा और गणेश गेट से भी वाहनों के भीतर प्रवेश पर रोक लगाई गई।
दुरंतो ठाकुर की गली और सीताबाड़ी की गली में बड़ी संख्या में खड़ी मोटरसाइकिलों के कारण आमजन को कुछ समय तक परेशानी का सामना करना पड़ा। हालांकि, पुलिस और प्रशासन की सक्रियता के चलते हालात पर शीघ्र नियंत्रण पा लिया गया।
मंदिर परिसर और आसपास के संवेदनशील इलाकों में सौ से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी। पुलिस बल लगातार निगरानी करता रहा, जिससे पूरे दिन दर्शन व्यवस्था सुचारु बनी रही। प्रशासनिक व्यवस्थाओं के चलते मौनी अमावस्या का पर्व करौली में शांतिपूर्ण और श्रद्धा के माहौल में संपन्न हुआ।
