शिक्षा प्रणाली पर सटीक निकली भविष्यवक्ता डॉ. अनीष व्यास की भविष्यवाणी, UGC नियमों पर बढ़ते विरोध से संकेत स्पष्ट

Tuesday, Jan 27, 2026-07:35 PM (IST)

देश की शिक्षा प्रणाली को लेकर चल रहा मौजूदा घटनाक्रम भविष्यवक्ता डॉ. अनीष व्यास की भविष्यवाणी को एक बार फिर सटीक साबित करता नजर आ रहा है।

23 जनवरी 2026 को विभिन्न समाचार पत्रों और टीवी चैनलों में फरवरी माह में चार ग्रहों के गोचर को लेकर डॉ. अनीष व्यास द्वारा की गई भविष्यवाणी में शिक्षा प्रणाली में बड़े बदलाव और आंदोलनों की स्पष्ट आशंका जताई गई थी।

डॉ. अनीष व्यास ने अपने ज्योतिषीय विश्लेषण में बताया था कि फरवरी माह में सूर्य, मंगल, बुध, शुक्र और राहु कुंभ राशि में एक साथ विराजमान रहेंगे, जिससे देश में राजनीतिक, सामाजिक और शैक्षणिक क्षेत्रों में उथल-पुथल देखने को मिलेगी। उन्होंने विशेष रूप से शिक्षा प्रणाली में सुधार, धरना-प्रदर्शन, आंदोलन और सरकार की ओर से अंततः सकारात्मक निर्णय के योग बताए थे।

UGC के नए नियमों पर देशभर में उबाल

भविष्यवाणी के अनुरूप ही देशभर में यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन (UGC) के नए नियमों को लेकर जनरल कैटेगरी के छात्रों और सवर्ण समाज का विरोध तेज हो गया है। नई दिल्ली स्थित UGC मुख्यालय के बाहर सुरक्षा बढ़ा दी गई है और बैरिकेड्स लगाकर प्रदर्शनकारियों को परिसर में प्रवेश से रोका जा रहा है।

उत्तर प्रदेश के लखनऊ, रायबरेली, वाराणसी, मेरठ, प्रयागराज और सीतापुर सहित कई जिलों में छात्र, युवा और विभिन्न संगठनों द्वारा धरना-प्रदर्शन किए जा रहे हैं। रायबरेली में भाजपा किसान नेता रमेश बहादुर सिंह और गौरक्षा दल के अध्यक्ष महेंद्र पांडेय द्वारा सवर्ण सांसदों को चूड़ियां भेजे जाने का मामला भी चर्चा में रहा।

प्रशासनिक स्तर पर भी असर

UGC के नए नियमों के विरोध में बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री द्वारा इस्तीफा दिया जाना इस आंदोलन की गंभीरता को दर्शाता है। वहीं, कवि कुमार विश्वास ने सोशल मीडिया पर तंज कसते हुए सरकार और व्यवस्था पर सवाल उठाए।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बयान देते हुए कहा कि किसी के साथ अन्याय या भेदभाव नहीं होने दिया जाएगा और नियमों का गलत इस्तेमाल स्वीकार्य नहीं होगा।

आगे क्या होगा?

भविष्यवक्ता डॉ. अनीष व्यास के अनुसार आने वाले दिनों में शिक्षा प्रणाली और UGC के नए नियमों को लेकर विरोध और तेज होगा। देशभर में धरना-प्रदर्शन, आंदोलन और गिरफ्तारियां देखने को मिल सकती हैं। हालांकि अंततः सरकार की ओर से सकारात्मक कदम उठाए जाएंगे और UGC के नए नियमों में संशोधन की पूरी संभावना है।

पहले भी सटीक साबित हुई हैं भविष्यवाणियां

डॉ. अनीष व्यास अब तक 597 से अधिक भविष्यवाणियां कर चुके हैं, जो सच साबित हुई हैं। अहमदाबाद विमान दुर्घटना, प्राकृतिक आपदाएं, भूकंप, अग्निकांड, दो हजार रुपये के नोट बंद होने की घोषणा, गुजरात और उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव, कोरोना महामारी की लहरें, अमेरिका राष्ट्रपति चुनाव में जो बाइडेन की जीत जैसी कई भविष्यवाणियां पहले ही सटीक साबित हो चुकी हैं।

ज्योतिष के क्षेत्र में स्थापित नाम

डॉ. अनीष व्यास ने वर्ष 2001 में जयपुर में पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान की स्थापना की। जयपुर, जोधपुर, दिल्ली, मुंबई, इंदौर, अहमदाबाद और नागपुर सहित कई शहरों में संस्थान की शाखाएं संचालित हैं।
अब तक वे 68,729 से अधिक कुंडलियों का विश्लेषण कर चुके हैं और 29 शहरों में नियमित रूप से कुंडली समाधान शिविर आयोजित कर रहे हैं। ज्योतिष के क्षेत्र में उन्हें 190 से अधिक पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है।

शिक्षा प्रणाली को लेकर मौजूदा घटनाक्रम एक बार फिर यह संकेत दे रहा है कि डॉ. अनीष व्यास की भविष्यवाणियां केवल संयोग नहीं, बल्कि गहन ज्योतिषीय अध्ययन पर आधारित हैं।


Content Editor

Sourabh Dubey

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