Jaipur News: नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में गूंजी किलकारी, मादा हिप्पो ‘राजकुमारी’ ने दिया स्वस्थ शावक को जन्म

Wednesday, Mar 04, 2026-11:46 AM (IST)

जयपुर: नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में आया नया मेहमान

राजधानी जयपुर के नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क से वन्यजीव प्रेमियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। लंबे समय से पार्क में रह रही मादा हिप्पो ‘राजकुमारी’ ने एक स्वस्थ नवजात शावक को जन्म दिया है। इस सुखद खबर के बाद पार्क प्रशासन, वन विभाग और पर्यटकों के बीच खुशी का माहौल देखने को मिल रहा है।

पार्क प्रशासन के अनुसार नवजात हिप्पो पूरी तरह स्वस्थ है और जन्म के बाद से ही सक्रिय दिखाई दे रहा है। मां राजकुमारी अपने बच्चे की बेहद स्नेहपूर्वक देखभाल कर रही है। नवजात को फिलहाल मां के साथ एक विशेष बाड़े में रखा गया है, जहां उसकी हर गतिविधि पर लगातार नजर रखी जा रही है।

24 घंटे मॉनिटरिंग कर रही विशेषज्ञों की टीम

नवजात और मां की सुरक्षा तथा स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए पार्क प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए हैं। वरिष्ठ पशु चिकित्सक डॉ. अरविंद माथुर के नेतृत्व में विशेषज्ञों की टीम लगातार निगरानी कर रही है।

पार्क प्रशासन के अनुसार नवजात का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है। इसके साथ ही उसके आहार और व्यवहार पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि किसी प्रकार की असुविधा न हो। डॉक्टरों की टीम 24 घंटे निगरानी रख रही है और हर गतिविधि को रिकॉर्ड किया जा रहा है।

2020 में हुआ था ‘राजकुमारी’ का जन्म

नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क के ACF देवेन्द्र सिंह राठौर ने जानकारी देते हुए बताया कि मादा हिप्पो राजकुमारी का जन्म 17 जुलाई 2020 को हुआ था। कुछ समय पहले उसका जोड़ा नर हिप्पो ‘राजा’ के साथ बनाया गया था।

सफल प्रजनन के बाद अब हिप्पो परिवार में यह नया सदस्य जुड़ गया है। इस जन्म के साथ ही पार्क में हिप्पो की कुल संख्या बढ़कर 6 हो गई है। वन्यजीव विशेषज्ञ इसे पार्क में बेहतर प्रबंधन और संरक्षण प्रयासों का सकारात्मक संकेत मान रहे हैं।

सुरक्षा व्यवस्था को किया गया मजबूत

ACF देवेन्द्र सिंह राठौर ने बताया कि मां और नवजात की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त निगरानी की व्यवस्था की गई है। बाड़े के आसपास सुरक्षा कर्मियों की तैनाती बढ़ा दी गई है और अनावश्यक हस्तक्षेप को पूरी तरह रोका गया है।

इसके अलावा पार्क प्रशासन ने निर्देश दिए हैं कि फिलहाल नवजात के आसपास शांति बनाए रखी जाए, ताकि उसे किसी प्रकार का तनाव न हो। विशेषज्ञों का कहना है कि जन्म के शुरुआती दिनों में मां और बच्चे को शांत वातावरण की जरूरत होती है।

पर्यटकों में खुशी की लहर

नए मेहमान के आगमन की खबर से पर्यटकों में भी खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। आने वाले दिनों में नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में पर्यटकों की संख्या बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।

वन्यजीव प्रेमी हिप्पो परिवार के इस नए सदस्य की एक झलक पाने के लिए उत्सुक हैं। पार्क प्रशासन का मानना है कि यह खबर न केवल पर्यटकों को आकर्षित करेगी बल्कि वन्यजीव संरक्षण के प्रति लोगों में जागरूकता भी बढ़ाएगी।

वन्यजीव संरक्षण के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि

विशेषज्ञों का मानना है कि कैद में हिप्पो का सफल प्रजनन वन्यजीव संरक्षण के लिहाज से एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। यह इस बात का संकेत है कि नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क का वातावरण और देखभाल प्रणाली जानवरों के लिए अनुकूल है।

नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में गूंजी यह किलकारी न केवल पार्क प्रशासन के लिए गर्व का विषय है, बल्कि जयपुर शहर के लिए भी एक सुखद और प्रेरणादायक खबर बनकर सामने आई है।


Content Editor

LUCKY SHARMA

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