Rajasthan ATS Raid: पाकिस्तानी आतंकी शहजाद भट्टी से जुड़े संदिग्ध नेटवर्क पर बड़ा एक्शन, 20 से ज्यादा शहरों में छापेमारी

Friday, Jul 03, 2026-05:35 PM (IST)

जयपुर। राजस्थान एंटी टेररिज्म स्क्वॉड (ATS) ने शुक्रवार सुबह राज्यभर में बड़े पैमाने पर कार्रवाई करते हुए 20 से अधिक शहरों में एक साथ छापेमारी की। यह कार्रवाई पाकिस्तान स्थित कथित आतंकी शहजाद भट्टी से जुड़े संदिग्ध नेटवर्क और उसके संपर्क में रहे लोगों की पहचान के लिए की गई। अभियान के दौरान 28 संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, जबकि बाड़मेर जिले के एक 20 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया गया है।

सोशल मीडिया के जरिए युवाओं को निशाना बनाने का आरोप
ATS के अनुसार, शहजाद भट्टी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से युवाओं से संपर्क स्थापित करता था। जांच एजेंसियों का आरोप है कि वह ऑनलाइन गेम, आसान कमाई और गैंगस्टर जैसी जीवनशैली का लालच देकर युवाओं को अपने प्रभाव में लेने की कोशिश करता था। इसके बाद उनसे संवेदनशील स्थानों की तस्वीरें, वीडियो और अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां जुटाने का प्रयास किया जाता था। प्रारंभिक जांच में उसके संपर्क में आए कई युवक भारत-पाकिस्तान सीमा से सटे राजस्थान के जिलों के पाए गए हैं।

जयपुर समेत कई शहरों में ATS की कार्रवाई
जयपुर सहित कई शहरों में ATS की टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर दबिश दी। हिरासत में लिए गए लोगों के मोबाइल फोन, सोशल मीडिया अकाउंट, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और डिजिटल गतिविधियों की जांच की जा रही है। एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इनका संपर्क किसी संगठित नेटवर्क या विदेशी हैंडलर से था या नहीं।

बाड़मेर से युवक गिरफ्तार
ATS ने बाड़मेर जिले के गागरिया गांव निवासी बशीर (20) को हिरासत में लेने के बाद रामसर थाने में पूछताछ की। पूछताछ के आधार पर उसे गिरफ्तार कर लिया गया। जांच एजेंसियों का दावा है कि वह लंबे समय से शहजाद भट्टी के संपर्क में था। उसके मोबाइल फोन, सोशल मीडिया चैट और अन्य डिजिटल रिकॉर्ड की फोरेंसिक जांच की जा रही है।

कई राज्यों तक फैले नेटवर्क की जांच
सूत्रों के मुताबिक ATS पिछले कई महीनों से सोशल मीडिया पर शहजाद भट्टी को फॉलो करने वाले और उसके संपर्क में रहने वाले लोगों पर नजर रख रही थी। एजेंसियों को आशंका है कि यह नेटवर्क राजस्थान के अलावा हरियाणा, पंजाब, दिल्ली और उत्तर प्रदेश तक फैला हो सकता है।

स्लीपर सेल और हवाला एंगल भी जांच के दायरे में
सुरक्षा एजेंसियां इस संभावना की भी जांच कर रही हैं कि राजस्थान में भट्टी से जुड़े स्लीपर सेल सक्रिय हो सकते हैं। पिछले छह महीनों से जैसलमेर, बाड़मेर, श्रीगंगानगर और बीकानेर जैसे सीमावर्ती जिलों में नेटवर्क की गहन पड़ताल की जा रही है। इसके साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कहीं हवाला के जरिए धन भेजकर भारत विरोधी गतिविधियों को बढ़ावा तो नहीं दिया जा रहा था।

पहले भी हो चुकी हैं कई गिरफ्तारियां
ATS और अन्य सुरक्षा एजेंसियां पहले भी इस नेटवर्क से जुड़े कई संदिग्धों पर कार्रवाई कर चुकी हैं।
25 मार्च: हनुमानगढ़ के जसवंत कुमार उर्फ सोनू को पाकिस्तानी गैंगस्टर से संपर्क और हथियारों की तस्वीरें साझा करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
26 मार्च: श्रीगंगानगर के आकाशदीप को सोशल मीडिया संपर्क के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
6 अप्रैल: हनुमानगढ़ जंक्शन निवासी सुनील उर्फ धोलू अवैध पिस्टल के साथ पकड़ा गया। उसके मोबाइल से कथित तौर पर पाकिस्तानी गैंगस्टर के व्हाट्सऐप नंबर और संदेश मिले थे।
मई: श्रीगंगानगर से 10 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई थी।

डिजिटल और वित्तीय नेटवर्क खंगाल रही एजेंसियां
ATS अब पूरे नेटवर्क की डिजिटल, वित्तीय और जमीनी कड़ियों की गहन जांच कर रही है। एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि किन युवाओं को लालच देकर नेटवर्क से जोड़ा गया, किसे हवाला के जरिए धन मिला, किन लोगों से संवेदनशील जानकारियां मांगी गईं और क्या ऐसी सूचनाएं आगे साझा भी की गईं। साथ ही सीमावर्ती इलाकों में ड्रोन के जरिए हथियार, विस्फोटक और मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े संभावित नेटवर्क की भी जांच जारी है।

 


Content Editor

Kuldeep Kundara

सबसे ज्यादा पढ़े गए

Related News