डूंगरपुर में 77 हजार किसान मुआवजे को तरसे, 23.59 करोड़ का अनुदान दो साल से लंबित

Sunday, Apr 26, 2026-06:59 PM (IST)

डूंगरपुर जिले में हजारों किसान पिछले दो वर्षों से फसल खराबे के मुआवजे का इंतजार कर रहे हैं। खरीफ सीजन में बाढ़ और अतिवृष्टि से हुए नुकसान के बाद भी अब तक करीब 23.59 करोड़ रुपए का कृषि अनुदान किसानों को नहीं मिल पाया है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति पर असर पड़ रहा है।

जानकारी के अनुसार वर्ष 2024 और 2025 में फसलों को हुए नुकसान का प्रशासनिक स्तर पर सर्वे कराया गया था। सर्वे में कई क्षेत्रों में भारी नुकसान सामने आया था। वर्ष 2024 में सीमलवाड़ा और चिखली तहसील के 5,695 किसानों की 33 से 75 प्रतिशत तक फसल खराब दर्ज की गई थी। वहीं 2025 में जिले की 13 तहसीलों के 71,539 किसानों की 33 से 100 प्रतिशत तक फसल प्रभावित पाई गई।

इन दोनों वर्षों के लिए तैयार रिपोर्ट और मुआवजा प्रस्ताव राज्य सरकार को भेज दिए गए हैं। इसमें 2024 के लिए करीब 2.31 करोड़ रुपए और 2025 के लिए 21.28 करोड़ रुपए की राशि शामिल है। इसके बावजूद अब तक किसानों के खातों में भुगतान नहीं पहुंचा है।

किसान संगठनों का कहना है कि फसल खराब होने के बाद किसानों पर कर्ज का बोझ बढ़ गया है। उन्हें समय पर राहत मिलने की उम्मीद थी, लेकिन प्रक्रिया में देरी के कारण वे लगातार परेशान हैं। कई बार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन भी दिए जा चुके हैं।

वहीं जिला प्रशासन का कहना है कि उनकी ओर से सभी औपचारिकताएं पूरी कर प्रस्ताव सरकार को भेज दिए गए हैं। भुगतान में देरी का कारण जयपुर स्तर पर ईसीएस प्रक्रिया का लंबित होना बताया गया है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही किसानों के खातों में मुआवजा राशि ट्रांसफर कर दी जाएगी।

 


Content Editor

Ishika Jain

सबसे ज्यादा पढ़े गए

Related News