"नागौर में भाइयों ने खोला खजाना: बहन के लिए 1.51 करोड़ का मायरा, लोग रह गए दंग"
Wednesday, Apr 15, 2026-07:48 PM (IST)
नागौर: राजस्थान के नागौर जिले के श्यामसर गांव में भाई-बहन के रिश्ते की एक अनोखी मिसाल पेश की गई है, जिसकी चर्चा पूरे प्रदेश में हो रही है। यहाँ सुरजाराम सियाग के चार बेटों ने अपनी बहन रामी देवी के परिवार में आयोजित शादी समारोह के दौरान 1 करोड़ 51 लाख रुपये का भव्य मायरा देकर इतिहास रच दिया है। यह आयोजन अब राजस्थानी संस्कृति का एक अनूठा उदाहरण बन गया है।
गंगाराम, शिवलाल, खीयाराम और श्रवणराम, इन चार भाइयों ने अपनी बहन के प्रति जो सम्मान और प्यार दिखाया, वह वाकई में काबिले तारीफ है। इस मायरे में 21 लाख 51 हजार रुपये नकद शामिल थे। इसके साथ ही भाइयों ने बहन की आर्थिक सुरक्षा का ध्यान रखते हुए 25 बीघा खेती योग्य जमीन के दस्तावेज भी मायरे में शामिल किए। आभूषणों के रूप में 7 बरी सोना और 21 बरी चांदी के अलावा 51 हजार रुपये टीका के रूप में अर्पित किए गए।
गाँव के बुजुर्गों के अनुसार, श्यामसर में इससे पहले ऐसा भव्य मायरा कभी नहीं हुआ। यह केवल धन-दौलत का प्रदर्शन नहीं है, बल्कि यह भाइयों द्वारा अपनी बहन के प्रति निभाई गई जिम्मेदारी और संस्कारों का प्रतीक है। मारवाड़ में मायरा भरने की रस्म का विशेष महत्व है, जिसमें भाई अपनी बहन की शादी में अपनी सामर्थ्य के अनुसार योगदान देता है। सियाग भाइयों का यह कदम पारंपरिक मूल्यों की जीवंतता को सिद्ध करता है।
मायरे की खबर जैसे ही पूरे मारवाड़ में फैली, यह चर्चा का केंद्र बन गई। लोग इसे भाई-बहन के पवित्र रिश्ते की जीत मान रहे हैं। श्यामसर का यह मायरा समाज को यह संदेश देता है कि रिश्तों की असली ताकत भावनाओं और एक-दूसरे के प्रति समर्पण में होती है। इस आयोजन ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि मारवाड़ की धरती पर आज भी परंपराएं अपनी पूरी आन-बान और शान के साथ जीवित हैं।
