वंदे गंगा अभियान के तहत चित्तौड़ दुर्ग पर महास्वच्छता अभियान का आगाज
Thursday, Jun 04, 2026-05:31 PM (IST)
चित्तौड़गढ़। राज्य सरकार के महत्वाकांक्षी “वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान” के तहत मंगलवार को ऐतिहासिक चित्तौड़ दुर्ग पर महास्वच्छता अभियान का शुभारंभ किया गया। इस अभियान के अंतर्गत दुर्ग स्थित व्यू पॉइंट से विजय स्तंभ तक जागरूकता रैली निकाली गई। रैली में जिला प्रशासन, औद्योगिक संस्थान, युवाओं और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।
रैली के बाद विजय स्तंभ एवं कालिका मंदिर परिसर में जिला कलक्टर डॉ. मंजू के नेतृत्व में स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान में जिला कलक्टर सहित अधिकारी, कर्मचारी और युवा स्वयंसेवक ने सफाई कर स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
इस अवसर पर जिला कलक्टर डॉ. मंजू ने कहा कि जल संरक्षण वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है और प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह पानी बचाने, वर्षा जल संचयन करने और अधिक से अधिक पौधारोपण करने के लिए आगे आए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि इस प्रकार के स्वच्छता अभियान केवल औपचारिकता न रहकर नियमित रूप से हर तीन माह में आयोजित किए जाएं, तो जिले में स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में व्यापक परिवर्तन संभव है। डॉ. मंजू ने युवाओं की भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सक्रियता पर्यावरण संरक्षण आंदोलनों को नई ऊर्जा प्रदान करती है।
जिला कलक्टर ने औद्योगिक संस्थानों से अपील की कि वे आगामी बरसात में अधिक से अधिक पौधारोपण करें, आसपास के क्षेत्रों में हरियाली बढ़ाएं और सीएसआर गतिविधियों के माध्यम से सरकारी भवनों में वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाएं विकसित करें।
अभियान में अतिरिक्त जिला कलक्टर दिनेश चंद्र धाकड़, अतिरिक्त जिला कलक्टर रामचंद्र खटीक, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी राकेश पुरोहित, उपखंड अधिकारी बीनू देवल, नगर परिषद आयुक्त रविंद्र यादव सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा हिंदुस्तान जिंक, वंडर सीमेंट, बिरला सीमेंट, आदित्य बिरला अल्ट्राटेक, संगम सहित कई औद्योगिक संस्थानों और कंपनियों ने अभियान में सक्रिय भागीदारी दिखाई।
इस महास्वच्छता अभियान ने न केवल जल संरक्षण और पर्यावरण की दिशा में लोगों को जागरूक किया, बल्कि युवाओं और उद्योग जगत को भी मिलकर काम करने की प्रेरणा दी।
