झालावाड़ में ‘हीरोज ऑफ पॉलिटेक्निक’ सीजन 2.0 लॉन्च: डिप्टी सीएम बैरवा बोले– तकनीकी शिक्षा से बनेगा आत्मनिर्भर राजस्थान
Tuesday, Apr 07, 2026-03:49 PM (IST)
राजस्थान के झालावाड़ में तकनीकी शिक्षा को नई दिशा देने की दिशा में एक सराहनीय पहल की गई है। सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज द्वारा ‘हीरोज ऑफ पॉलिटेक्निक सीजन 2.0’ वेब सीरीज का ऑनलाइन शुभारंभ किया गया, जिसका उद्देश्य छात्रों में नवाचार, आत्मविश्वास और कौशल विकास को बढ़ावा देना है। इस कार्यक्रम में प्रदेश के उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेम चंद बैरवा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए डिप्टी सीएम डॉ. प्रेम चंद बैरवा ने कहा कि पॉलिटेक्निक शिक्षा केवल डिग्री हासिल करने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह युवाओं को व्यावहारिक कौशल से लैस करती है, जो देश की आर्थिक प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए तकनीकी और स्किल-बेस्ड एजुकेशन को लगातार बढ़ावा दे रही है।
उन्होंने विशेष रूप से नई शिक्षा नीति 2020 का जिक्र करते हुए कहा कि इस नीति के तहत तकनीकी शिक्षा और व्यावसायिक पाठ्यक्रमों का दायरा बढ़ाया जा रहा है, ताकि छात्र सिर्फ नौकरी तलाशने वाले नहीं बल्कि रोजगार सृजक बन सकें। उन्होंने 6 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद इस वेब सीरीज के पुनः आयोजन के लिए पूरी टीम को बधाई भी दी।
इस वेब सीरीज का मुख्य उद्देश्य पॉलिटेक्निक छात्रों की सफलता की कहानियों को सामने लाना है, ताकि वर्तमान छात्र उनसे प्रेरणा लेकर अपने करियर में आगे बढ़ सकें। सीजन 2.0 के पहले एपिसोड में आर्यन सिंह, जो कोटा के सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज के छात्र हैं, ने अपनी सफलता की कहानी साझा की। उन्होंने बताया कि कैसे सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपने तकनीकी कौशल और नवाचार के दम पर बड़ी उपलब्धियां हासिल कीं।
आर्यन सिंह की कहानी ने यह संदेश दिया कि अगर छात्रों में जुनून और मेहनत करने की लगन हो, तो वे किसी भी बाधा को पार कर सकते हैं। उन्होंने अन्य छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि पॉलिटेक्निक शिक्षा को कभी कमतर नहीं आंकना चाहिए, क्योंकि यही शिक्षा उन्हें वास्तविक दुनिया की चुनौतियों के लिए तैयार करती है।
कार्यक्रम के दौरान तकनीकी शिक्षा निदेशालय के निदेशक राजेश शर्मा ने भी अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि समाज में पॉलिटेक्निक छात्रों को लेकर कई तरह के मिथक फैले हुए हैं, जिन्हें तोड़ना बेहद जरूरी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि आज के दौर में स्किल ही असली ताकत है और पॉलिटेक्निक छात्र इस क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा सकते हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे प्लेटफॉर्म छात्रों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका देते हैं और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं। इस वेब सीरीज के माध्यम से उन छात्रों की कहानियां सामने लाई जा रही हैं, जिन्होंने अपने हुनर और मेहनत से सफलता हासिल की है।
इस पूरे आयोजन को सफल बनाने में डॉ. राजुल गोयल (पूर्व प्राचार्य), प्रशांत जोशी और सौरभ कुमार गौतम का विशेष योगदान रहा। उनकी मेहनत और समर्पण से यह पहल दोबारा शुरू हो सकी, जो अब छात्रों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन रही है।
कुल मिलाकर, ‘हीरोज ऑफ पॉलिटेक्निक सीजन 2.0’ न केवल एक वेब सीरीज है, बल्कि यह एक ऐसा मंच है जो तकनीकी शिक्षा के महत्व को उजागर करता है और युवाओं को अपने सपनों को साकार करने के लिए प्रेरित करता है। यह पहल राजस्थान में स्किल डेवलपमेंट को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है।
