जैसलमेर-साबरमती एक्सप्रेस का इंजन फेल: 3 किमी दूर ट्रैक पर रुकी ट्रेन, गर्मी में दो घंटे परेशान रहे यात्री
Sunday, Mar 08, 2026-06:18 PM (IST)
राजस्थान के जैसलमेर में शनिवार को एक बड़ा रेल संचालन बाधित होने का मामला सामने आया, जब जैसलमेर-साबरमती एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 20491) का इंजन अचानक फेल हो गया। ट्रेन स्टेशन से रवाना होने के कुछ ही मिनट बाद करीब 3 किलोमीटर दूर जाकर रुक गई, जिससे यात्रियों को तेज गर्मी में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार यह ट्रेन अपने निर्धारित समय दोपहर 3:30 बजे जैसलमेर रेलवे स्टेशन से रवाना हुई थी। लेकिन स्टेशन से थोड़ी दूरी तय करते ही इंजन में तकनीकी खराबी आ गई और ट्रेन अचानक ट्रैक पर रुक गई।
दो घंटे तक ट्रैक पर खड़ी रही ट्रेन
इंजन फेल होने के बाद ट्रेन करीब दो घंटे तक ट्रैक पर ही खड़ी रही। इस दौरान यात्रियों को भीषण गर्मी में ट्रेन के अंदर ही इंतजार करना पड़ा।
जैसलमेर में दोपहर के समय तापमान काफी अधिक था। ऐसे में ट्रेन के कोच भट्टी की तरह गर्म हो गए, जिससे यात्रियों की परेशानी और बढ़ गई।
कई यात्रियों ने गर्मी से परेशान होकर ट्रेन से नीचे उतरकर ट्रैक के पास छाया में खड़े होकर समय बिताया।
बच्चों और बुजुर्गों को ज्यादा परेशानी
ट्रेन में मौजूद यात्रियों के अनुसार गर्मी और उमस के कारण कोच के अंदर बैठना मुश्किल हो गया था।
पंखे और एसी बंद होने के कारण छोटे बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ी। कई यात्रियों ने बताया कि गर्मी और उमस के कारण सांस लेना भी मुश्किल हो रहा था।
यात्रियों ने जताई नाराजगी
यात्रियों ने आरोप लगाया कि इंजन में खराबी की सूचना देने के बावजूद रेलवे प्रशासन की ओर से तुरंत कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई।
यात्रियों ने रेलवे कंट्रोल रूम और संबंधित अधिकारियों को भी इसकी जानकारी दी थी, लेकिन करीब दो घंटे तक ट्रेन वहीं खड़ी रही।
एक यात्री ने कहा कि रेलवे को ट्रेन को रवाना करने से पहले तकनीकी जांच पूरी तरह करनी चाहिए थी।
रेस्क्यू इंजन से लाई गई ट्रेन
जब इंजन की खराबी मौके पर ठीक नहीं हो सकी, तब रेलवे प्रशासन ने रेस्क्यू इंजन मौके पर भेजा।
इस रेस्क्यू इंजन की मदद से ट्रेन को वापस जैसलमेर रेलवे स्टेशन तक खींचकर लाया गया।
करीब शाम 6 बजे ट्रेन दोबारा स्टेशन पर पहुंची।
इंजन बदलकर दोबारा रवाना की ट्रेन
स्टेशन पर पहुंचने के बाद ट्रेन का खराब इंजन हटाकर नया इंजन लगाया गया।
इसके बाद ट्रेन को शाम 6:20 बजे दोबारा रवाना किया गया, जो अपने निर्धारित समय से लगभग तीन घंटे की देरी से चली।
इस घटना के कारण कई यात्रियों की आगे की यात्रा भी प्रभावित हुई।
रेलवे ने बताया तकनीकी खराबी
इस मामले में रेलवे अधिकारियों ने बताया कि इंजन में अचानक तकनीकी खराबी आने के कारण प्रेशर ड्रॉप हो गया था।
सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए ट्रेन को आगे बढ़ाने के बजाय वापस स्टेशन लाना जरूरी समझा गया।
अधिकारियों के अनुसार इंजन बदलने के बाद ट्रेन को सुरक्षित रूप से रवाना कर दिया गया।
मेंटेनेंस व्यवस्था पर उठे सवाल
इस पूरे घटनाक्रम के बाद रेलवे की मेंटेनेंस व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।
यात्रियों का कहना है कि यदि ट्रेन के इंजन की तकनीकी जांच पहले ठीक से की जाती तो इस तरह की समस्या से बचा जा सकता था।
हालांकि रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए आवश्यक कदम उठाए गए और ट्रेन को सुरक्षित तरीके से दोबारा रवाना किया गया।
