बाड़मेर में नशा तस्करों पर पुलिस का डबल अटैक: 7 महीने में 5 एमडी फैक्ट्रियां ध्वस्त, अब बीट सिस्टम से होगी सख्त निगरानी

Wednesday, Feb 25, 2026-06:50 PM (IST)

बाड़मेर: बाड़मेर में नशा तस्करों के खिलाफ पुलिस ने सख्त अभियान छेड़ दिया है। पिछले सात महीनों में एमडी ड्रग की पांच अवैध फैक्ट्रियां पकड़कर बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया गया है। अब जिले की कमान संभाल रहे नरेंद्र सिंह मीणा ने तस्करी पर पूरी तरह लगाम लगाने के लिए नया एक्शन प्लान लागू किया है।

 

सीमावर्ती और रेगिस्तानी भूभाग के कारण बाड़मेर लंबे समय से संवेदनशील क्षेत्र माना जाता है। पाकिस्तान और गुजरात की सीमा से सटे इस इलाके में सुनसान धोरों और दूर-दराज ढाणियों का फायदा उठाकर तस्कर अवैध गतिविधियां संचालित करते रहे हैं। पुलिस जांच में सामने आया कि जिले को ड्रग मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने की साजिश चल रही थी, जिसे समय रहते नाकाम कर दिया गया।

 

पिछले सात महीनों में हुई कार्रवाइयों के दौरान पुलिस ने भारी मात्रा में एमडी ड्रग, केमिकल, मशीनें और निर्माण सामग्री बरामद की। पांच फैक्ट्रियों को ध्वस्त कर बड़े नेटवर्क को तोड़ा गया। इन लगातार कार्रवाइयों से तस्करों में हड़कंप मच गया है।

 

एसपी नरेंद्र सिंह मीणा के अनुसार अब बीट सिस्टम को मजबूत किया जा रहा है। हर बीट अधिकारी को अपने क्षेत्र की गतिविधियों पर पैनी नजर रखने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। दूर-दराज क्षेत्रों में नियमित गश्त, संदिग्ध ठिकानों की जांच और स्थानीय सूचना तंत्र को सक्रिय करने के निर्देश दिए गए हैं। उनका कहना है कि जमीनी स्तर पर पकड़ मजबूत होगी तो तस्करी की कमर अपने आप टूटेगी।

 

बाड़मेर का विस्तृत रेगिस्तानी इलाका पुलिस के लिए चुनौती बना रहता है। अंतरराष्ट्रीय सीमा और गुजरात से सटे होने के कारण यहां से एमडी की सप्लाई अन्य राज्यों तक आसानी से पहुंचाई जा सकती है। यही कारण है कि पुलिस अब केवल बड़ी कार्रवाई तक सीमित नहीं रहकर निरंतर निगरानी और क्षेत्रवार रणनीति पर काम कर रही है।

 

पुलिस प्रशासन का कहना है कि आने वाले समय में नशा तस्करों के खिलाफ अभियान और तेज किया जाएगा तथा सीमावर्ती क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाएगी।


Content Editor

Anil Jangid

सबसे ज्यादा पढ़े गए

Related News